
उदित वाणी, जमशेदपुर : भीड़भाड़ वाले बिष्टुपुर थाना क्षेत्र अंतर्गत खाऊ गली में हुए गोलीकांड मामले में बड़ी अपडेट सामने आई है. पश्चिम सिंहभूम जिले के चक्रधरपुर से विधायक सुखराम उरांव के प्रतिनिधि समरेश सिंह उर्फ गुड्डू सिंह पर फायरिंग के आरोप में फरार चल रहा आरोपी आजाद गिरी ने आखिरकार जमशेदपुर कोर्ट में सरेंडर कर दिया. वह लंबे समय से पुलिस की गिरफ्त से बाहर था और उसकी गिरफ्तारी को लेकर पुलिस लगातार दबिश दे रही थी.
मूल रूप से बागबेड़ा निवासी आजाद गिरी पर आरोप है कि उसने गुड्डू सिंह पर हमला करने में सक्रिय भूमिका निभाई थी. पुलिस इस मामले में पूर्व में ही तीन आरोपियों—बादल कुमार प्रसाद उर्फ काला (निवासी वायरलेस मैदान, बागबेड़ा), पवन कुमार (निवासी कीताडीह त्रिमूर्ति चौक) और मोहम्मद वाजिद उर्फ हबलु (निवासी गफ्फार बस्ती, परसुडीह)—को गिरफ्तार कर चुकी है. इन सभी के खिलाफ बिष्टुपुर थाना में प्राथमिकी दर्ज की गई थी.
पुलिस सूत्रों के अनुसार, लगातार दबाव और गिरफ्तारी की आशंका के बीच आजाद गिरी ने रणनीति के तहत खुद को पुलिस से बचाते हुए सीधे कोर्ट में सरेंडर किया. कोर्ट में पेश होने के बाद उसे न्यायिक हिरासत में लेते हुए जेल भेज दिया गया. पुलिस अब उससे पूछताछ करने की तैयारी में है और घटना के पीछे की गहराई से जांच की जा रही है.
गौरतलब है कि खाऊ गली में यह गोलीकांड उस समय हुआ था जब विधायक प्रतिनिधि समरेश सिंह किसी काम से वहां पहुंचे थे. अचानक हुई फायरिंग में वे गंभीर रूप से घायल हो गए थे, जिन्हें तत्काल इलाज के लिए टीएमएच में भर्ती कराया गया. फिलहाल उनकी स्थिति स्थिर बताई जा रही है और खतरे से बाहर हैं.
पुलिस इस पूरे मामले को आपसी रंजिश और वर्चस्व की लड़ाई से जोड़कर देख रही है. बिष्टुपुर थाना प्रभारी ने जानकारी दी है कि अन्य कोणों से भी जांच की जा रही है ताकि इस घटना में किसी अन्य की संलिप्तता सामने आए तो उसे भी कानून के दायरे में लाया जा सके.
इस सनसनीखेज वारदात ने शहर में कानून-व्यवस्था को लेकर कई सवाल खड़े कर दिए हैं, खासकर तब जब एक जनप्रतिनिधि पर दिनदहाड़े गोली चलाने की घटना हुई. हालांकि, पुलिस की सक्रियता और त्वरित कार्रवाई से मामले में अब तक चार आरोपियों की गिरफ्तारी हो चुकी है.

