
उदित वाणी, जमशेदपुर : पूर्वी भारत के स्टार्टअप पारितंत्र को सशक्त बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल के रूप में Navachar Research Incubation and Innovation Council एवं अर्का जैन विश्विधालय द्वारा आयोजित “ईस्ट इंडिया स्टार्टअप प्रदर्शन दिवस” का सफल आयोजन अर्का जैन विश्विधालय, जमशेदपुर में संपन्न हुआ।
भव्य उद्घाटन: दिग्गजों का जमावड़ा
कार्यक्रम की शुरुआत पारंपरिक दीप प्रज्वलन के साथ की गई। उद्घाटन सत्र में मुख्य अतिथियों के रूप में डॉ. अमित श्रीवास्तव, निदेशक, अरका जैन विश्वविद्यालय; मनोज कुमार, संस्थापक, बेटर वर्ल्ड फाउंडेशन; डॉ. रंजीत प्रसाद, पूर्व प्राध्यापक, NIT Jamshedpur एवं सिंडिकेट सदस्य, Kolhan University; विशाल अग्रवाल, निदेशक, सीटीसी समूह; संतोष शर्मा, संस्थापक, बुकमायजेट; कुमार विशाल, निदेशक, ग्रेट डिज़ाइन्स; सागर चानाना, संस्थापक, रुस्सा क्रिएशन्स; तथा अमर नाथ सिंह, संस्थापक एवं निदेशक, एनआरआईआईसी उपस्थित रहे। सभी अतिथियों ने पूर्वी भारत में स्टार्टअप्स की बढ़ती संभावनाओं तथा निवेश पारितंत्र के निर्माण की आवश्यकता पर अपने विचार साझा किए।
16 स्टार्टअप्स का शानदार प्रदर्शन
इस विशेष प्रदर्शन दिवस में कुल 16 चयनित राजस्व-आधारित स्टार्टअप्स ने अपने नवाचार, व्यावसायिक मॉडल और विस्तार योजनाओं को प्रस्तुत किया। इनमें झारखंड से 11 स्टार्टअप्स, बिहार से 3 स्टार्टअप्स, पश्चिम बंगाल से 1 स्टार्टअप तथा ओडिशा से 1 स्टार्टअप शामिल रहे। ये सभी स्टार्टअप्स ₹30 लाख से ₹3 करोड़ तक के निवेश की तलाश में हैं और वर्तमान में राजस्व अर्जित कर रहे हैं।
• झारखंड से 11 स्टार्टअप्स
• बिहार से 3 स्टार्टअप्स
• पश्चिम बंगाल से 1 स्टार्टअप
• ओडिशा से 1 स्टार्टअप
बड़े निवेशक आए, बड़ा वादा किया
कार्यक्रम में देश के विभिन्न प्रमुख शहरों से प्रतिष्ठित निवेशकों ने भाग लिया। इनमें विजय बावरा, स्टार्टअप पारितंत्र विशेषज्ञ (पूर्व में NASSCOM एवं T-Hub), हैदराबाद से; वर्तुल जैन, वरिष्ठ निवेश विश्लेषक एवं स्टार्टअप सहभागिता प्रमुख, दिल्ली से; गरिमा सेठ, निवेश बैंकर, मेरिसिस एडवाइजर्स, दिल्ली से; अरिजीत भट्टाचार्य, संस्थापक एवं अध्यक्ष, Virtual Infocom, कोलकाता से; तथा विशाल निकुम्भ, KarekeBa Ventures, पटना से शामिल हुए।
इन निवेशकों ने हिस्सा लिया:
• विजय बावरा, स्टार्टअप पारितंत्र विशेषज्ञ (पूर्व NASSCOM एवं T-Hub), हैदराबाद
• वर्तुल जैन, वरिष्ठ निवेश विश्लेषक एवं स्टार्टअप सहभागिता प्रमुख, दिल्ली
• गरिमा सेठ, निवेश बैंकर, मेरिसिस एडवाइजर्स, दिल्ली
• अरिजीत भट्टाचार्य, संस्थापक एवं अध्यक्ष, Virtual Infocom, कोलकाता
• विशाल निकुम्भ, KarekeBa Ventures, पटना
₹4.6 करोड़ का निवेशक वादा!
स्टार्टअप प्रस्तुतियों और निवेशकों के साथ हुई विस्तृत चर्चाओं के परिणामस्वरूप, 11 स्टार्टअप्स में कुल ₹4.6 करोड़ के संभावित निवेश के लिए निवेशकों ने रुचि व्यक्त की है। ये सभी 11 स्टार्टअप्स अब निवेशकों के साथ दूसरे चरण की व्यक्तिगत बैठकों में शामिल होंगे, जिसमें विस्तृत चर्चा, मूल्यांकन और निवेश से संबंधित आगे की प्रक्रिया पूरी की जाएगी।
झारखंड के ये 3 स्टार्टअप्स बने स्टार
निवेशकों द्वारा विशेष रूप से झारखंड के तीन उभरते हुए स्टार्टअप्स को उच्च संभावनाओं वाला बताया गया, जिनमें: लॉजिकलेन्स, मुसाबनी प्रखंड, पूर्वी सिंहभूम, झारखंड; ओहो लिविंग, रांची, झारखंड; फीडको, रांची, झारखंड शामिल हैं। इन स्टार्टअप्स को उनके नवाचार, व्यावसायिक क्षमता और विस्तार की संभावनाओं के लिए निवेशकों द्वारा विशेष सराहना मिली।
• लॉजिकलेन्स, मुसाबनी प्रखंड, पूर्वी सिंहभूम
• ओहो लिविंग, रांची
• फीडको, रांची
स्थानीय निवेशक भी उत्साहित
इसके अतिरिक्त जमशेदपुर के 20 से अधिक एंजेल निवेशकों और उच्च निवल मूल्य वाले व्यक्तियों ने भी इस कार्यक्रम में भाग लिया, जिससे स्थानीय स्तर पर निवेश संस्कृति को बढ़ावा मिलेगा और क्षेत्रीय निवेश नेटवर्क को मजबूती मिलेगी।
सहयोगी संस्थाओं का योगदान
इस कार्यक्रम को ग्रेट डिज़ाइन्स, मेरा टीवी, सीटीसी समूह, रिकोक्राफ्ट, Startup Grind, कोइनोवेट, करेकेबा वेंचर्स और Inflexion Point Ventures का सहयोग प्राप्त हुआ।
आगे का रोडमैप: इनक्यूबेशन और सरकारी सहयोग
आयोजक अमर नाथ सिंह, संस्थापक एवं निदेशक, एनआरआईआईसी तथा कार्तिक चौधरी, सह-संस्थापक एवं निदेशक, एनआरआईआईसी ने बताया कि इस कार्यक्रम के अंतर्गत चयनित 15 स्टार्टअप्स को आगे एनआरआईआईसी के उद्भवन (इन्क्यूबेशन) कार्यक्रम में शामिल किया जाएगा। इन स्टार्टअप्स को अनुभवी मार्गदर्शकों, उद्योग विशेषज्ञों और निवेश सलाहकारों के सहयोग से संरचित मार्गदर्शन प्रदान किया जाएगा, जिससे वे अपने व्यवसाय का विस्तार कर सकें और निवेश के लिए और अधिक सशक्त बन सकें। साथ ही, झारखंड राज्य सरकार से अनुरोध किया जाएगा कि इन उच्च क्षमता वाले स्टार्टअप्स को अनुदान, प्रोत्साहन योजनाओं तथा संस्थागत सहयोग प्रदान किया जाए, जिससे राज्य में नवाचार, रोजगार सृजन और उद्यमिता को बढ़ावा मिल सके।
पूर्वी भारत के लिए मील का पत्थर
आयोजकों ने कहा कि यह प्रदर्शन दिवस पूर्वी भारत में निवेश के नए अवसरों को सृजित करने और एक सशक्त स्टार्टअप निवेश पारितंत्र के निर्माण की दिशा में एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर साबित होगा। भविष्य में भी इस प्रकार के निवेश-केंद्रित कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे, जिससे क्षेत्र के नवाचार और उद्यमिता को राष्ट्रीय स्तर पर नई पहचान मिल सके।

