
उदित वाणी, चांडिल: आसनबनी पंचायत के एनएच-33 किनारे होटल टेंथ माइल स्टोन के समीप स्थित पारम्परिक जाँताल पूजा स्थल को लेकर रविवार को बड़ा विवाद प्रशासन और ग्रामीणों की सजगता से शांतिपूर्ण ढंग से सुलझ गया। सूत्रों के अनुसार, गांव के एक पक्ष ने पूजा स्थल पर शुद्धिकरण अनुष्ठान करने की तैयारी की थी। लेकिन ग्राम प्रधान प्रबोध उरांव के नेतृत्व में ग्रामीणों ने इसका विरोध करते हुए कहा कि यह स्थल पहले से ही पवित्र और सुरक्षित है, किसी तरह के शुद्धिकरण की आवश्यकता नहीं है। ग्राम प्रधान ने आरोप लगाया कि कुछ लोग—जिनमें भूषण पहाड़िया, गुरुचरण कर्मकार और शुकलाल पहाड़िया के नाम सामने आए हैं—धार्मिक स्थल के नाम पर निजी स्वार्थ साधने और गांव की शांति भंग करने की कोशिश कर रहे थे। वहीं, बिरीगोड़ा निवासी दिलीप महतो ने कहा कि धार्मिक स्थल को व्यक्तिगत विवाद में घसीटना निंदनीय है। यह सब मात्र चंद पैसों के लिए किया जा रहा है। गांव की महिला प्रतिनिधि रश्मि मांझी ने सोशल मीडिया पर फैलाई जा रही भ्रामक खबरों पर नाराज़गी जताई और अपील की कि लोग बिना पुष्टि के अफवाहें न फैलाएं। दूसरी ओर, आरोपित पक्ष के शुकलाल पहाड़िया ने कहा कि उन पर लगाए गए पैसों से जुड़े आरोपों की जांच प्रशासन द्वारा की जानी चाहिए ताकि सच्चाई सामने आए। विवाद की गंभीरता को देखते हुए अनुमंडल पदाधिकारी विकास कुमार राय के निर्देश पर चांडिल अंचलाधिकारी प्रदीप कुमार महतो को वरीय दंडाधिकारी नियुक्त किया गया। साथ ही ईचागढ़ अंचलाधिकारी दीपक प्रसाद, चांडिल अंचल निरीक्षक मनोज कुमार महतो और चांडिल थाना प्रभारी डिल्सन बिरुआ पुलिस बल के साथ मौके पर मौजूद रहे। प्रशासन ने पर्याप्त सुरक्षा व्यवस्था की और घटना स्थल पर शांति बनाए रखी। अधिकारियों ने ग्रामीणों की एकजुटता और सहयोग की सराहना की। वहीं ग्रामीणों ने भी प्रशासन का आभार जताते हुए कहा कि उनकी तत्परता से गांव में सौहार्द और शांति बनी रही।

