
उदित वाणी, रांची : राज्य में लंबित आपराधिक मामलों को त्वरित निष्पादित करने के लिए प्रभारी डीजीपी तदाशा मिश्रा ने कड़े निर्देश दिया है. डीजीपी कार्यालय द्वारा जारी आदेश के अनुसार सभी लंबित कांडों की अंतिम रिपोर्ट, प्राथमिकी दर्ज होने की तिथि से 60 दिन और 90 दिन के भीतर संबंधित अदालत में जमा करना अनिवार्य कर दिया गया है. पूरी प्रक्रिया सीसीटीएनएस के माध्यम से ऑनलाइन पूरी करनी होगी. बताया गया कि इससे पारदर्शिता और समयबद्धता बढ़ेगी.
डीजीपी ने मामलों के जल्द निष्पादन के लिए राज्य के पांच वरिष्ठ आईपीएस अधिकारियों को जिम्मेदारी सौंपी है. इन्हें निर्धारित रेंज में लंबित कांडों की व्यापक समीक्षा और शीघ्र कार्रवाई सुनिश्चित करने का दायित्व दिया गया है. अधिकारियों को निर्देश दिया गया कि वे 15 दिनों के भीतर अपने-अपने रेंज के सभी जिलों में लंबित मामलों की जांच प्रगति की समीक्षा कर पुलिस कार्रवाई पूरी करायें.
उनमें रांची रेंज के आईजी मनोज कौशिक को रांची रेंज, डीआईजी वाईएस रमेश को संथाल परगना, हजारीबाग रेंज के डीआईजी कार्तिक एस को कोयला क्षेत्र बोकारो रेंज, डीआईजी चंदन झा को कोल्हान रेंज तथा एसपी एहतेशाम वकारीब को पलामू रेंज की जिम्मेदारी दी गई है. इन अधिकारियों से यह भी अपेक्षा की गई है कि वे जिला पुलिस पदाधिकारियों के साथ नियमित समन्वय स्थापित कर लंबित कांडों की समीक्षा बैठकें आयोजित करेंगे और और समय सीमा के भीतर रिपोर्ट फाइल करायेंगे.

