
उदित वाणी, जमशेदपुर : घाटशिला विधानसभा उपचुनाव-2025 के स्वतंत्र, निष्पक्ष एवं पारदर्शी संचालन के लिए दो दिवसीय पीठासीन अधिकारी एवं प्रथम मतदान अधिकारी के प्रथम चरण के प्रशिक्षण की शुरुआत वीमेंस यूनिवर्सिटी, जमशेदपुर में शनिवार को की गई. प्रशिक्षण कार्यक्रम के पहले दिन जिला निर्वाचन पदाधिकारी श्री कर्ण सत्यार्थी ने प्रशिक्षण सत्र का निरीक्षण किया तथा प्रशिक्षणार्थियों से संवाद स्थापित किया.
प्रशिक्षण के पहले दिन पीठासीन अधिकारी एवं प्रथम मतदान अधिकारी को मतदान प्रक्रिया से जुड़े सभी महत्वपूर्ण पहलुओं की जानकारी दी गई. इसमें ईवीएम और वीवीपैट के संचालन, मतदान पूर्व एवं पश्चात प्रक्रियाओं, प्रपत्रों के सही उपयोग तथा मतदान केंद्र की समुचित व्यवस्था से संबंधित बिंदुओं पर विस्तारपूर्वक प्रशिक्षण दिया गया.
निरीक्षण के दौरान जिला निर्वाचन पदाधिकारी श्री कर्ण सत्यार्थी ने कहा कि मतदान दल निर्वाचन प्रक्रिया की सबसे महत्वपूर्ण कड़ी हैं. मतदान दिवस पर आपकी जिम्मेदारी केवल मतदान संपन्न कराने की नहीं, बल्कि लोकतांत्रिक व्यवस्था की गरिमा को बनाए रखने की भी है. उन्होंने कहा कि पीठासीन अधिकारी के रूप में आपकी भूमिका पूरी प्रक्रिया में अत्यंत महत्वपूर्ण होती है. स्वतंत्र और निष्पक्ष मतदान काफी हद तक मतदान केंद्र की व्यवस्था, सुरक्षा तथा वहां कार्यरत कर्मचारियों की निष्पक्षता, सजगता और कार्यकुशलता पर निर्भर करता है.
उन्होंने कहा कि पीठासीन अधिकारी को मतदान केंद्र से संबंधित सभी विधियों, प्रावधानों और प्रक्रियाओं की जानकारी होनी चाहिए ताकि वे अपने सहयोगियों को निर्देश दे सकें और किसी भी चुनौतीपूर्ण परिस्थिति में आत्मविश्वास के साथ कार्य कर सकें.
प्रथम मतदान अधिकारी को संबोधित करते हुए श्री सत्यार्थी ने कहा कि आपकी भूमिका मतदाता की पहचान सुनिश्चित करना, उंगली में निशान लगाना, मतदाता सूची का संधारण करना तथा आवश्यकता पड़ने पर पीठासीन अधिकारी के दायित्व निभाना भी शामिल है. उन्होंने बताया कि मॉक मतदान से लेकर मतदान समाप्ति तक वेबकास्टिंग के माध्यम से संपूर्ण प्रक्रिया की निगरानी की जाएगी.
जिला निर्वाचन पदाधिकारी ने स्पष्ट किया कि प्रत्येक मतदान केंद्र में वेबकास्टिंग की व्यवस्था रहेगी ताकि प्रत्येक गतिविधि की वास्तविक समय में निगरानी हो सके. उन्होंने यह भी निर्देश दिया कि वालंटियर केवल सहयोगी भूमिका में रहेंगे और किसी भी परिस्थिति में गोपनीयता कक्ष में प्रवेश नहीं करेंगे.
श्री सत्यार्थी ने मतदान दलों से कहा कि वे किसी भी परिस्थिति में घबराएं नहीं. आपकी सहायता के लिए सेक्टर मजिस्ट्रेट, जोनल मजिस्ट्रेट, निर्वाचन पदाधिकारी एवं अन्य वरीय अधिकारी हर समय उपलब्ध रहेंगे. उन्होंने निर्देश दिया कि सभी अधिकारी प्रशिक्षण के दौरान दिए जा रहे निर्देशों को ध्यानपूर्वक समझें, किसी भी शंका का तुरंत समाधान करें और मतदान दिवस पर आयोग के दिशा-निर्देशों का अक्षरशः पालन सुनिश्चित करें.
प्रशिक्षण सत्र के दौरान विशिष्ट अनुभाजन पदाधिकारी श्री राहुल आनंद, प्रभारी पदाधिकारी प्रशिक्षण कोषांग श्री सचिदानंद महतो, सहायक प्रभारी पदाधिकारी डॉ. रजनीकांत मिश्रा, सहायक निदेशक सामाजिक सुरक्षा श्रीमती नेहा संजना खलखो समेत अन्य पदाधिकारी उपस्थित रहे.

