
उदित वाणी, जमशेदपुर : ओल्डीडी एओपी थाना क्षेत्र में सोशल मीडिया पर हथियार लहराते हुए फोटो वायरल करने के मामले में पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए तीन युवकों को गिरफ्तार कर लिया है। घटना को लेकर क्षेत्र में हड़कंप मच गया था और आम लोगों में भय का माहौल बन गया था। सोशल मीडिया पर युवक द्वारा देसी कट्टा और हथियारों के साथ दिखाई दे रहे थे। मामले की गंभीरता को देखते हुए ओल्डीडी एओपी प्रभारी के नेतृत्व में एक विशेष टीम का गठन किया गया जिसने ताबड़तोड़ छापेमारी कर वायरल फोटो में दिख रहे तीनों युवकों को धर दबोचा। जिसमें रितेश सिंह, अशोक गुप्ता, राज कुमार मुखिया उर्फ राज बच्चा को गिरफ्तार किया गया है।
सूचना मिली थी कि ओल्डीडी एओपी क्षेत्र में कुछ युवक हथियार लहराकर डर का माहौल बनाने की कोशिश कर रहे हैं। ये लोग न केवल हथियार के साथ फोटो खिंचवाकर सोशल मीडिया पर वायरल कर रहे थे, बल्कि आम लोगों में दहशत फैलाने के उद्देश्य से इन्हें लगातार पोस्ट कर रहे थे। फोटो में एक लोहे के काले-सिल्वर रंग के देसी कट्टे, एक सिल्वर रंग के देसी कट्टे और एक सैमसंग के टच स्क्रीन मोबाइल की मौजूदगी साफ दिख रही थी।
पुलिस द्वारा बरामद सामानों में एक लोहे का काला एवं सिल्वर रंग का देसी कट्टा, एक सिल्वर रंग का देसी कट्टा, एक सैमसंग टच स्क्रीन मोबाइल फोन है।
पुलिस का कहना है कि ये तीनों युवक अपने-अपने इलाकों में अपराध प्रवृत्ति के लिए कुख्यात हैं और इनकी गतिविधियों पर पहले से ही नजर रखी जा रही थी। हाल ही में सोशल मीडिया पर इनका हथियारों के साथ फोटो वायरल होने के बाद पुलिस ने त्वरित कार्रवाई की।
पुलिस की तत्परता ने टला बड़ा हादसा
अगर पुलिस समय रहते कार्रवाई नहीं करती, तो यह स्थिति और गंभीर हो सकती थी। थाना प्रभारी के नेतृत्व में पूरी टीम ने योजनाबद्ध ढंग से कार्य करते हुए आरोपियों को उनकी पहचान होते ही धर दबोचा। तीनों आरोपियों से गहन पूछताछ की जा रही है। पुलिस यह भी पता लगाने में जुटी है कि हथियार कहां से प्राप्त हुए और क्या इनके संबंध किसी बड़े गिरोह से हैं।
ओल्डीडी एओपी की ओर से आम लोगों से अपील की गई है कि किसी भी प्रकार की असामाजिक गतिविधि या संदिग्ध गतिविधि की जानकारी तुरंत नजदीकी पुलिस थाने को दें। सोशल मीडिया पर इस तरह की गैरकानूनी पोस्ट को न फैलाएं और न ही उसका समर्थन करें।
यह पूरी कार्रवाई पुलिस की त्वरित प्रतिक्रिया, सूझबूझ और सतर्कता का परिणाम है, जिससे क्षेत्र में संभावित अपराध की आशंका को समय रहते समाप्त किया गया। तीनों आरोपियों की गिरफ्तारी से यह संदेश गया है कि सोशल मीडिया पर अपराध को ग्लैमराइज करने की कोशिश अब बर्दाश्त नहीं की जाएगी। पुलिस आगे भी इस प्रकार के मामलों में कड़ी कार्रवाई जारी रखेगी।

