
उदित वाणी, जमशेदपुर : बागबेड़ा थाना अंतर्गत हरहरगुट्टू निवासी समरजीत कुमार सिंह ने अपने भाई के बिजनेस पार्टनर रंजीत पांडे पर धोखाधड़ी और झूठे मुकदमे में फंसाने का गंभीर आरोप लगाते हुए जिले के वरीय पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) से न्याय की मांग की है। साथ ही उन्होंने बागबेड़ा थाना पुलिस पर पक्षपातपूर्ण कार्रवाई का आरोप लगाया है।
समरजीत सिंह ने बताया कि बीते 19 फरवरी को उनके भाई आशीष कुमार सिंह प्रयागराज कुंभ से स्नान कर लौट रहे थे। इस दौरान रंजीत पांडे की गाड़ी (संख्या: जेएच 05 डीक्यू-5795) दुर्घटनाग्रस्त हो गई थी। हादसे में चालक अरुण सिंह समेत अन्य यात्रियों को गंभीर चोटें आईं थीं, वहीं आशीष सिंह गंभीर रूप से घायल हो गए थे। इलाज के दौरान उनकी मृत्यु हो गई।
घटना के बाद समरजीत सिंह ने रंजीत पांडे पर गैर इरादतन हत्या का आरोप लगाते हुए बागबेड़ा थाना में मामला दर्ज कराया था। इसके बाद दोनों पक्षों के बीच थाना में सुलह कराई गई। समझौते के अनुसार, रंजीत पांडे को मोटर वाहन दुर्घटना क्लेम की राशि दिलाने में पूर्ण सहयोग करना था। साथ ही मृतक के हिस्से की 1000 वर्गफुट जमीन का पावर ऑफ एटॉर्नी या सेल डीड परिवार के किसी सदस्य के नाम करना था। यदि किसी तरह का विवाद होता है, तो उसका भुगतान भी रंजीत पांडे द्वारा किया जाना था।
समरजीत का आरोप है कि समझौते के मुताबिक जब वे अपने भाई के हिस्से की मांग करने गए, तो उन्हें डराया-धमकाया गया। इतना ही नहीं, दो दिन पहले रंजीत पांडे द्वारा उनके खिलाफ झूठा मुकदमा दर्ज कराया गया है, जिसमें स्थानीय पुलिस की मिलीभगत भी सामने आ रही है।
उन्होंने बताया कि कृष्णा चंद्र पात्रो, सारिका पांडे, आकांक्षा पांडे और अनिल झा द्वारा उन्हें लगातार धमकाया जा रहा है। समरजीत सिंह ने एसएसपी से पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर कार्रवाई करने की मांग की है।

