
उदित वाणी, पटमदा : मंगलवार को बोड़ाम थाना क्षेत्र के बांकादा गांव में एक हृदय विदारक घटना सामने आई. यहां बकरी चरा रहे 33 वर्षीय गुरुचरण मुदी की आंधी के कारण हुए हादसे में दुखद मृत्यु हो गई.
आकस्मिक दुर्घटना
गुरुचरण मुदी सुबह करीब 10 बजे अपनी बकरियां चराने के लिए गांव के मुदी पाड़ा की ओर गए थे. तेज धूप और गर्मी से राहत पाने के लिए वे एक आम के पेड़ के नीचे खड़े हो गए. दोपहर लगभग 12 बजे अचानक तेज आंधी आई, जिससे पेड़ की एक भारी डाली टूटकर सीधे गुरुचरण के सिर पर गिर गई. सिर में गंभीर चोट लगने के कारण वे अचेत हो गए.
उपचार और दुखद अंत

परिजनों ने तत्काल अचेत अवस्था में गुरुचरण को बोड़ाम के एक नर्सिंग होम में प्राथमिक उपचार के लिए पहुंचाया. वहां से उन्हें पटमदा स्थित माचा सीएचसी रेफर किया गया. हालांकि, चिकित्सकों ने वहां पहुंचने पर उन्हें मृत घोषित कर दिया. बोड़ाम पुलिस ने पंचनामा की प्रक्रिया पूरी कर शव को पोस्टमार्टम के लिए एमजीएम मेडिकल कॉलेज भेजा. देर शाम तक गांव में ही उनका अंतिम संस्कार कर दिया गया.
शोक संतप्त परिवार
गुरुचरण अपने दो भाइयों में छोटे थे. उनका विवाह गांव में ही हुआ था और उनकी तीन छोटी बेटियां हैं- आरती मुदी (7 वर्ष), भारती मुदी (5 वर्ष) और लक्ष्मी मुदी (2 वर्ष). इस दुर्घटना के बाद उनकी पत्नी अमृता मुदी गहरे सदमे में हैं. बच्चों और उनके माता-पिता सहित पूरे परिवार का रो-रोकर बुरा हाल है.
सहायता का आश्वासन
घटना की सूचना मिलने पर बोड़ाम के पीएलवी निताई चंद्र गोराई मौके पर पहुंचे और शोक संतप्त परिजनों को ढाढस बंधाया. उन्होंने परिवार को श्रम विभाग से आर्थिक सहायता, प्रखंड कार्यालय से पारिवारिक लाभ योजना और बच्चों को प्रायोजन स्कीम से जोड़ने का आश्वासन दिया. अंचलाधिकारी को घटना की जानकारी दिए जाने पर, उन्होंने भी जांच के उपरांत आपदा प्रबंधन के तहत आर्थिक सहायता दिलाने का भरोसा दिया.

