
उदित वाणी, जमशेदपुर : टाटा पावर के “अनोखा धागा स्मार्ट सर्कुलरिटी कार्यक्रम” सूक्ष्म-उद्यमिता पहल में सर्कुलरिटी का बहुत ही आकर्षक प्रदर्शन करते हुए 5,000 किलोग्राम से ज़्यादा सिंगल यूज़ प्लास्टिक कचरे को उच्च गुणवत्ता वाले, रिसाइकल्ड फैब्रिक उत्पादों में बदल दिया है. यह पहल छह केंद्रों में महिलाओं द्वारा चलाई जाती है. इसमें न केवल प्लास्टिक प्रदूषण की तत्काल चुनौती को दूर करने के प्रयास किए जाते हैं, बल्कि स्थानीय समुदायों को भी सशक्त बनाया जाता है. महिला उद्यमियों ने इसके ज़रिए फेयर ट्रेड में 20 लाख रुपये से ज़्यादा आय कमाई है.
इस पहल को टाटा समूह की परियोजना “आलिंगन” और टाटा पावर की चक्राकार अर्थव्यवस्था समाधानों के प्रति प्रतिबद्धता के अनुरूप शुरू किया गया है. यह पहल विश्व पर्यावरण दिवस 2025 की भावना और इसकी थीम“प्लास्टिक प्रदूषण समाप्त करें” के साथ काफी ज़्यादा मिलती-जुलती है.

