
उदित वाणी, रांची: झारखंड विधानसभा के शून्यकाल में बुधवार को पोटका के विधायक संजीव सरदार ने राज्य की परिवहन व्यवस्था से जुड़ी अहम समस्या को जोरदार तरीके से उठाया. उन्होंने बताया कि मोटर वाहन अधिनियम, 1988 की धारा 68 के तहत गठित झारखंड क्षेत्रीय परिवहन प्राधिकार (RTA) की बैठकें वर्षों से नहीं हो पा रही हैं, जिसके कारण राज्य के पाँचों प्रमंडलों में कई महत्वपूर्ण मामले लंबित पड़े हैं. इसका सीधा असर बस मालिकों, परिवहन सेवाओं और आम जनता पर पड़ रहा है.
विधायक संजीव सरदार ने कहा कि RTA की नियमित बैठकें नहीं होने से बस मालिक गंभीर आर्थिक संकट से गुजर रहे हैं. बीमा दावों का निपटारा, बस परमिट का नवीनीकरण, नए रूट का आवंटन, टैक्स से जुड़ी प्रक्रियाएं—सभी प्रभावित हैं. उन्होंने कहा कि ग्रामीण इलाकों में परिवहन सेवाएं पहले से ही सीमित हैं और RTA बैठकों के ठप होने से यह और अधिक बाधित हो रही हैं, जिससे आम लोगों को दैनिक यात्रा में परेशानी का सामना करना पड़ रहा है.
उन्होंने सदन के माध्यम से सरकार से मांग की कि मोटर वाहन अधिनियम की धारा 68 के अनुरूप झारखंड क्षेत्रीय परिवहन प्राधिकार की नियमित बैठकें तुरंत शुरू कराई जाएं. साथ ही लंबित मामलों का समयबद्ध निपटारा सुनिश्चित किया जाए, ताकि बस मालिकों और परिवहन तंत्र को राहत मिल सके.

