
उदित वाणी, रांची : आजसू पार्टी ने सोमवार को चाईबासा में हुए पुलिसिया दमन और 21 लोगों की गिरफ्तारी के विरोध में आहूत कोल्हान बंद (पूर्वी सिंहभूम को छोड़कर) का समर्थन करने की घोषणा की है. पार्टी ने आदिवासी आंदोलनकारियों पर हुए लाठीचार्ज, आंसू गैस के प्रयोग और गिरफ्तारियों की कड़ी निंदा करते हुए कहा कि राज्य की झामुमो–कांग्रेस गठबंधन सरकार लगातार आदिवासी–मूलवासी जनता पर अत्याचार कर रही है.
आजसू पार्टी के मुख्य प्रवक्ता डॉ. देवशरण भगत ने कहा कि हेमंत सरकार के कार्यकाल में आदिवासी–मूलवासी समाज पर दमन की घटनाएं तेजी से बढ़ी हैं और सरकार का चेहरा पूरी तरह आदिवासी विरोधी साबित हुआ है. उन्होंने आरोप लगाया कि भोगनाडीह में हूल दिवस के मौके पर सिदो–कान्हु के वंशजों पर लाठीचार्ज किया गया, गोड्डा में सामाजिक कार्यकर्ता सूर्या हांसदा का एनकाउंटर कर दिया गया, वहीं रांची में सरना स्थल की रक्षा की मांग करने वाले लोगों पर भी बर्बर लाठीचार्ज हुआ.
डॉ. भगत ने कहा कि हेमंत सरकार की दमनकारी नीतियों के खिलाफ आजसू चुप नहीं बैठेगी. उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि राज्य में माफिया तत्व बालू, कोयला और अन्य खनिजों का अवैध खनन एवं परिवहन खुलेआम कर रहे हैं और प्रशासन मूक दर्शक बना हुआ है.
उन्होंने कहा कि चाईबासा में भारी वाहनों के प्रवेश से आम जनता को भारी परेशानी हो रही है. पूर्व में इन वाहनों का प्रवेश प्रतिबंधित था, लेकिन अब झामुमो–कांग्रेस के दबाव में दोबारा शुरू कर दिया गया है, जिससे लोगों को दिन-रात दुर्घटना व प्रदूषण का सामना करना पड़ रहा है.

