
उदित वाणी, जमशेदपुर: जमशेदपुर के अल्ट्रासाउंड सेंटर संचालक परेशान हैं. प्रशासनिक गलती का उन्हें खामियाजा भुगतना पड़ रहा है. इसे लेकर गुरुवार कोइसी तत्वाधान में आईएमए एवं आईआरआइए का संयुक्त प्रतिनिधिमंडल जमशेदपुर सांसद विद्युत वरण महतो से मिला.
प्रतिनिधिमंडलने सांसद को 27 अल्ट्रासाउंड सेंटरों पर हाईकोर्ट के रोक के आदेश से अवगत करया. बताया कि याचिकाकर्ता कुमार मनीष केपीआईएल पर पिछले महीना 23 मार्च को जमशेदपुर में 27 अल्ट्रासाउंड सेंटरों पर झारखंड उच्च न्यायालय ने रोक लगा दिया था. जिसके कारण 27 अल्ट्रासाउंड सेंटरों के डॉक्टर एवं संचालकों ने नाराजगी जाहिर की थी.
इसी क्रम में 27 अप्रैल को जमशेदपुर में पूरेजिले के अल्ट्रासाउंड सेंटर हड़ताल में थे. बताया कि आज जमशेदपुर मे स्वास्थ्य विभाग के चूक के कारण 27 अल्ट्रासाउंड सेंटरों के संचालक एवं चिकित्सक एवं जनमानसइसका खामियाजा भुगतना पड़ रहा है.
जिसके कारण मरीजों को भी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है. आज प्राथमिक से भीप्राथमिक उपचार के लिए अल्ट्रासाउंड एक महत्वपूर्ण जांच है अगर स्थिति ऐसे ही बनी रहेगी तो जमशेदपुर में अप्रिय घटना होने की भीसंभावना हो सकती है. उन्होंने सांसद से अपील करते हुए कहा कि उपायुक्त विजया जाधव से वार्तालाप कर कुछ विकल्प निकालें, जिससे आम जनमानस का भी निदान हो सके.
इस प्रतिनिधिमंडल में मुख्य रूप से डॉ उदय कंचन, डॉ जयदीप नंदी, विजय कुमार, डॉदीपक कुमार डॉ सौरभ चौधरी, डॉ सुल्तान अली उपस्थित थे.

