
उदित वाणी, रांची: स्वास्थ्य विभाग द्वारा रिम्स व एमजीएम मेडिकल कॉलेज जमशेदपुर समेत राज्य के चार प्रमुख सरकारी अस्पतालों में ही 21 गंभीर बीमारियों का उपचार सुलभ कराने का महत्वपूर्ण निर्णय लिया गया है. स्वास्थ्य विभाग के अपरमुख्य सचिव अजय कुमार सिंह ने अपने कार्यालय में आयोजित एक महत्वपूर्ण बैठक के दौरान उक्त मेडिकल कॉलेजों के अलावा शहीद निर्मल महतो मेमोरियल कॉलेज एवं अस्पताल धनबाद व सदर अस्पताल रांची यह चिकित्सा व्यवस्था सुलभ कराने पर निर्णय लिया गया.
अपरमुख्य सचिव ने बैठक के दौरान कहा कि सभी 21 गंभीर बीमारियों का उपचार राज्य में ही हो और मरीजों को गंभीर बीमारियों के उपचार के लिए राज्य से बाहर जाने की जरूरत न पड़े. उन्होंने कहा कि इसके लिए उक्त चारों सरकारी अस्पतालों में सारी जरूरी सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी. उन्होंने यह भी बताया कि राज्य के इन चार सरकारी अस्पतालों के साथ ही राज्य के चार बड़े निजी अस्पतालों में भी गंभीर बीमारियों का उपचार हो सकेगा तथा इन बीमारियों के इलाज के लिए आगे आने वाले अन्य अस्पतालों को भी सारी जरूरी सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी.
अजय कुमार सिंह ने बताया कि इन सभी गंभीर बीमारियों का उपचार मुख्यमंत्री अबुआ स्वास्थ्य सुरक्षा योजना के अंतर्गत ही हो सकेगा. इस योजना के तहत रोगों के उपचार के लिए निश्चित पैकेज का निर्धारण किया जा रहा है ताकि लोगों को इलाज के लिए परेशान नहीं होना पड़े. इसके साथ ही उन्होंने सिकल सेल एनीमिया के ट्रीटमेंट के लिए सदर अस्पताल रांची में व्यापक सुविधा उपलब्ध कराने का निर्देश दिया. उन्होंने कहा कि सदर अस्पताल का सीएमसी वेल्लोर से एमओयू होगा ताकि बोन मैरो ट्रांसप्लांट रांची में ही हो सके.

