उदित वाणी, जमशेदपुर : राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी संस्थान (NIT) जमशेदपुर में शनिवार को अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन AI Engineering and Innovation (AIEI 2026) का वैलिडिक्टरी समारोह सम्पन्न हुआ. 26 से 28 मार्च तक आयोजित यह तीन दिवसीय सम्मेलन विद्युत अभियांत्रिकी विभाग द्वारा आयोजित किया गया था. सम्मेलन में देश-विदेश के शिक्षाविद, शोधकर्ता और उद्योग विशेषज्ञ शामिल हुए, जिन्होंने कृत्रिम बुद्धिमत्ता और अभियांत्रिकी नवाचार के उभरते रुझानों पर विचार-विमर्श किया.
मुख्य अतिथियों की गरिमामय उपस्थिति
समापन समारोह में NIT जमशेदपुर के निदेशक प्रो. गौतम सूत्रधार ने मुख्य संरक्षक के रूप में अध्यक्षता की. उनके साथ सह- संरक्षक के रूप में कुलसचिव प्रो. सरोज कुमार सारंगी और विद्युत अभियांत्रिकी विभागाध्यक्ष डॉ. मधु सिंह उपस्थित रहीं.
समारोह में विशिष्ट अतिथि के रूप में MNNIT इलाहाबाद के प्रो. आशीष कुमार सिंह और श्री विनोद वीरमाचनैनी उपस्थित रहे.
स्वागत और अतिथियों का सम्मान
कार्यक्रम की शुरुआत AIEI 2026 के जनरल को-चेयर डॉ. सुरजीत कुंडु के स्वागत संबोधन से हुई. उन्होंने सम्मेलन के आयोजन में हुए सामूहिक प्रयासों और इसकी शैक्षणिक महत्ता पर प्रकाश डाला. इसके पश्चात अतिथियों का सम्मान किया गया.
डॉ. मधु सिंह और प्रो. सरोज कुमार सारंगी ने अपने संबोधन में अंतर्विषयक अनुसंधान और संस्थागत सहयोग की भूमिका को रेखांकित किया, जो नवाचार को आगे बढ़ाने में महत्वपूर्ण है.
AI और नवाचार पर विशेष फोकस
विशिष्ट अतिथि प्रो. आशीष कुमार सिंह ने डीप लर्निंग, पावर सिस्टम्स और नवीकरणीय ऊर्जा एकीकरण के क्षेत्र में हो रहे नवीनतम विकासों पर अपने विचार साझा किए. उन्होंने AI आधारित समाधानों की बढ़ती प्रासंगिकता पर जोर दिया.
श्री विनोद वीरमाचनैनी ने ThinkMediator Inc. में चार छात्रों को इंटर्नशिप का अवसर देने की घोषणा की और अपने विचार प्रस्तुत किए.
निदेशक और आयोजन समिति का समापन उद्बोधन
अपने समापन उद्बोधन में निदेशक प्रो. गौतम सूत्रधार ने आयोजन समिति और प्रतिभागियों की सराहना करते हुए संस्थान की अनुसंधान एवं नवाचार के प्रति प्रतिबद्धता को दोहराया.
यह सम्मेलन AIEI 2026 के जनरल चेयर एवं संस्थापक डॉ. वीर प्रताप मीणा के नेतृत्व में आयोजित हुआ. डॉ. मीणा वर्तमान में IEEE छात्र अध्याय के शैक्षिक कार्यक्रम उपसमिति (2025–2027) के अध्यक्ष हैं और उन्हें 2024 एवं 2025 में स्टैनफोर्ड विश्वविद्यालय एवं एल्सेवियर द्वारा विश्व के शीर्ष 2% वैज्ञानिकों में शामिल किया गया.
डॉ. सूर्या प्रताप ने भी आयोजन और समन्वय में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई.
कार्यक्रम का समापन आयोजन अध्यक्ष डॉ. दिनेश कुमार द्वारा धन्यवाद ज्ञापन के साथ हुआ. इसके पश्चात राष्ट्रगान और समूह छायाचित्र के साथ AIEI 2026 का औपचारिक समापन हुआ.


