
उदित वाणी, जमशेदपुर : फोटोग्राफी सोसाइटी ऑफ़ अमेरिका द्वारा मान्यता प्राप्त *आर्ट सेंस 2025* के अंतर्गत आयोजित फोटोग्राफिक सेलून की ट्रैवल कैटेगरी में शहर के जाने-माने फोटोग्राफर नरेश अग्रवाल ने स्वर्ण पदक हासिल किया है. यह सम्मान उन्हें उनके विशिष्ट छायाचित्र ‘मल्टीपल केव्स’ के लिए प्रदान किया गया. पुरस्कार के लिए चयन तीन सदस्यीय ज्यूरी कमेटी द्वारा किया गया था.
इस अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिता में विभिन्न देशों के फोटोग्राफरों ने भाग लिया था. नरेश अग्रवाल मूलतः ग्रामीण जीवन के चित्रों को उकेरने के लिए जाने जाते हैं. अब तक उनके 350 से अधिक छायाचित्र भारत सहित कई देशों की प्रदर्शनी में स्थान पा चुके हैं और कई बार पुरस्कृत भी हुए हैं. वर्तमान में वे विलुप्त हो रही सबर जनजाति पर विशेष कार्य कर रहे हैं.
नरेश अग्रवाल की प्रतिभा को वैश्विक स्तर पर भी सराहना मिली है. दुबई स्थित विश्व प्रसिद्ध संस्था *हिप्पा* द्वारा आयोजित ‘हमदान अंतरराष्ट्रीय फोटोग्राफी पुरस्कार’ प्रतियोगिता में उनके द्वारा खींची गई तस्वीर फाइनल राउंड के 1000 फोटो संग्रह में शामिल हुई है. इस प्रतियोगिता की कुल पुरस्कार राशि लगभग 9 करोड़ रुपये है, जिसमें दुनिया भर के फोटोग्राफरों की लाखों तस्वीरें भेजी जाती हैं. फाइनल राउंड में सर्वश्रेष्ठ चित्र का चयन कर उसे शीर्ष सम्मान प्रदान किया जाएगा.
फोटोग्राफी विशेषज्ञों के अनुसार, नरेश अग्रवाल के कार्यों में लोगों के जीवन के भावनात्मक और लयात्मक पहलुओं को अद्वितीय ढंग से कैद करने की सामर्थ्य है. लगातार अनेक राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय प्रदर्शनियों तथा प्रतियोगिताओं में उनके चित्रों को स्थान मिल रहा है. नरेश के लिए फोटोग्राफी केवल आय का साधन नहीं, बल्कि जीवन को उत्साहपूर्ण बनाने का एक तरीका है. उन्होंने अपनी कलात्मक प्रतिभा को एक छायाकार के रूप में पूरी तरह समर्पित किया है.

