
उदित वाणी, जमशेदपुर : करीब 15 वर्षों के अंतराल के बाद देशभर में होने जा रही जनगणना को लेकर पूर्वी सिंहभूम जिले में तैयारियां तेज हो गई हैं.
अप्रैल माह से शुरू होने वाली जनगणना के मद्देनजर जिला प्रशासन ने जनगणना कर्मियों का तीन दिवसीय प्रशिक्षण पूरा कर लिया है. गुरुवार को प्रशिक्षण कार्यक्रम के समापन के साथ ही कर्मियों को हाउस-लिस्टिंग और डेटा अपलोड की तकनीकी प्रक्रिया की विस्तृत जानकारी दी गई.
प्रशिक्षण के तीसरे दिन तकनीकी सहायकों को बताया गया कि प्रगणकों द्वारा तैयार की गई मकानों की सूची (हाउस लिस्टिंग) को संकलित कर प्रखंडवार संबंधित पोर्टल पर अपलोड करना होगा. प्रशिक्षण में जनगणना निदेशालय से आए जिला नोडल अधिकारी दिलीप कुमार ने आवश्यक दिशा-निर्देश दिए. इस दौरान सांख्यिकी विभाग के सभी पदाधिकारी और कर्मचारी भी उपस्थित रहे.
दो चरणों में पूरी होगी जनगणना प्रक्रिया
जिला प्रशासन के अनुसार जनगणना का कार्य दो चरणों में पूरा किया जाएगा. पहले चरण में मकानों की सूचीकरण (हाउस लिस्टिंग) और आवास संबंधी जानकारी एकत्र की जाएगी. इसके बाद दूसरे चरण में घर-घर जाकर परिवार के सदस्यों, शिक्षा, रोजगार और अन्य सामाजिक-आर्थिक जानकारी दर्ज की जाएगी.
पूरी तरह डिजिटल होगी नई जनगणना
इस बार जनगणना पूरी तरह डिजिटल प्रणाली से कराई जाएगी. गणनाकर्मी मोबाइल ऐप और टैबलेट के माध्यम से डेटा दर्ज करेंगे. वे घर-घर जाकर परिवार से संबंधित जानकारी एकत्र करेंगे.
नागरिकों को ऑनलाइन सेल्फ एन्यूमरेशन की सुविधा भी दी जा सकती है, जिसके माध्यम से लोग स्वयं अपनी जानकारी दर्ज कर सकेंगे. एकत्रित डेटा को तुरंत केंद्रीय सर्वर पर अपलोड किया जाएगा, जिससे आंकड़ों के संकलन और विश्लेषण की प्रक्रिया पहले की तुलना में अधिक तेज और पारदर्शी होगी.

