
उदित वाणी, जमशेदपुर: भारत के प्रतिष्ठित प्रबंधन संस्थानों में शुमार एक्सएलआरआई – जेवियर स्कूल ऑफ मैनेजमेंट, जमशेदपुर में रविवार को ‘द स्टोरीप्रेन्योर्स’ पुस्तक का आधिकारिक विमोचन अत्यंत उत्साह और गरिमा के साथ संपन्न हुआ। यह पुस्तक प्रसिद्ध ब्रांड विशेषज्ञ प्रतीक राय चौधरी और नेतृत्व सलाहकार नितिन बेबेल द्वारा सह-लेखित है। आयोजन को जनरल मैनेजमेंट प्रोग्राम (GMP) के छात्रों के लिए विशेष रूप से तैयार किया गया था।
पुस्तक क्या कहती है?
‘द स्टोरीप्रेन्योर्स’ केवल एक किताब नहीं, बल्कि यह कहानी कहने की शक्ति को नेतृत्व और नवाचार से जोड़ने वाली मार्गदर्शिका है।
यह पुस्तक बताती है कि वास्तविक जीवन की कहानियां किस प्रकार ब्रांड को प्रामाणिकता, नेतृत्व को स्पष्टता, और विचारों को प्रभावशाली बदलाव में बदल सकती हैं। उद्यमिता, नेतृत्व और नवाचार की दुनिया में कहानियों की परिवर्तनकारी भूमिका को केंद्र में रखती यह कृति छात्रों और युवा पेशेवरों को अपने भीतर के कहानीकार से जुड़ने को प्रेरित करती है।

लेखकों के विचार: “हर कहानी एक नेतृत्व है”
पुस्तक के सह-लेखक प्रतीक राय चौधरी ने कहा: “स्टोरीटेलिंग केवल कला नहीं, यह बदलाव का माध्यम है। एक्सएलआरआई जैसे संस्थान में इस पुस्तक का विमोचन हमारे लिए गर्व की बात है, जहां नेतृत्व और मूल्यों की शिक्षा साथ चलती है।”
वहीं सह-लेखक नितिन बेबेल ने कहा: “हर व्यक्ति के भीतर एक कहानी छिपी होती है, जो उसे नेतृत्व की ओर ले जाती है। आज हमने छात्रों को यह महसूस कराने की कोशिश की कि उनकी अपनी कहानियां ही उनकी सबसे बड़ी पूंजी हैं।”
सत्र की खासियत: संवाद, अनुभव और प्रेरणा
दोनों लेखकों द्वारा आयोजित स्टोरीटेलिंग सत्र ने पुस्तक की आत्मा को सजीव कर दिया। भावनात्मक जुड़ाव, वास्तविक व्यावसायिक दृष्टांत और गहराई से भरे संवाद ने सत्र को यादगार बना दिया। इस आयोजन का नेतृत्व प्रोफेसर कनगराज ए ने किया, जो एक्सएलआरआई में प्लेसमेंट कन्वीनर और वित्त के प्रोफेसर हैं। कार्यक्रम का आयोजन कॉर्पोरेट रिलेशंस टीम की पहल का हिस्सा था, जो छात्रों को अनुभवात्मक शिक्षण और समकालीन दृष्टिकोणों से जोड़ने के लिए लगातार प्रयासरत है।
सहभागिता और संवाद से सजी शाम
इस आयोजन में छात्रों, संकाय सदस्यों और स्टाफ की सक्रिय भागीदारी ने सत्र को और भी जीवंत और संवादात्मक बना दिया। एक्सएलआरआई ने एक बार फिर यह साबित किया कि वह न केवल अकादमिक उत्कृष्टता, बल्कि व्यावहारिक नेतृत्व और मानवीय मूल्यों पर आधारित शिक्षण का मंच है।

