
उदित वाणी, जमशेदपुर : टेल्को थाना अंतर्गत जेम्को मिश्रा बागान क्षेत्र शनिवार को उस समय सनसनी से भर उठा जब कुख्यात अपराधी प्रकाश मिश्रा गिरोह से जुड़े बदमाशों ने रितेश सिंह नामक युवक पर जानलेवा हमला कर दिया. इस हमले के बाद से पूरे इलाके में दहशत का माहौल है, वहीं पुलिस प्रशासन घटना के पीछे की कड़ियों को जोड़ने में जुट गया है.
प्राप्त जानकारी के अनुसार, रितेश सिंह पर यह हमला उस समय हुआ जब वह अपने कुछ परिचितों के साथ स्थानीय मोहल्ले में मौजूद था. अचानक पांच की संख्या में आए हमलावरों ने लाठी-डंडे और रॉड से लैस होकर रितेश पर बेरहमी से हमला कर दिया. प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि रितेश को बुरी तरह से पीटा गया, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गया. स्थानीय लोगों के हस्तक्षेप और शोर मचाने पर हमलावर भाग निकले. घटना के बाद घायल रितेश को आनन-फानन में इलाज के लिए टेल्को स्थित एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उसकी स्थिति गंभीर बनी हुई है.
पुलिस सूत्रों के मुताबिक, इस हमले के पीछे पुरानी आपसी रंजिश की आशंका जताई जा रही है. बताया जा रहा है कि घायल रितेश सिंह का संबंध महेश मिश्रा से है, जो खुद एक समय प्रकाश मिश्रा गिरोह का विरोधी माने जाते रहे हैं. पिछले वर्ष महेश मिश्रा पर गोली चलाने की घटना भी प्रकाश मिश्रा गिरोह से जुड़ी हुई थी, जिसकी साजिश रांची के होटवार जेल से रची गई थी. उस मामले में एक आरोपी की गिरफ्तारी भी हो चुकी है. ऐसे में रितेश पर हमला उस पुराने विवाद की एक और कड़ी मानी जा रही है.
सूत्रों की मानें तो प्रकाश मिश्रा गिरोह का संचालन अब जेल के भीतर से किया जा रहा है. चाहे वह रंगदारी वसूली हो या विरोधियों पर हमले — सभी घटनाओं की साजिशें होटवार जेल से रची जाती हैं. पुलिस इस नेटवर्क को तोड़ने की दिशा में कई बार प्रयास कर चुकी है, लेकिन गिरोह का नेटवर्क इतना मजबूत है कि वे जेल में बंद रहते हुए भी शहर में आपराधिक घटनाओं को अंजाम देने में सफल हो रहे हैं.
टेल्को थाना प्रभारी ने बताया कि घटना की गंभीरता को देखते हुए पुलिस मामले की हर पहलू से जांच कर रही है. हमले में शामिल बदमाशों की गिरफ्तारी के लिए छापेमारी अभियान चलाया जा रहा है. थाना प्रभारी ने कहा कि इलाके में शांति बनाए रखने के लिए गश्ती बढ़ा दी गई है और संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रखी जा रही है.
टेल्को पुलिस के अनुसार, सभी आरोपियों की पहचान हो चुकी है और उन्हें पकड़ने के लिए संभावित ठिकानों पर छापेमारी की जा रही है. साथ ही घायल रितेश सिंह के बयान दर्ज किए गए हैं, जो हमले के कारणों की पुष्टि में सहायक साबित हो सकते हैं.

