
उदित वाणी, जमशेदपुर : टाटा स्टील जमशेदपुर 10-11 दिसंबर को शावक नानावटी टेक्निकल इंस्टीट्यूट (एसएनटीआई) जमशेदपुर में ब्लास्ट फर्नेस और सिंटर प्लांट्स की 65वीं ऑपरेटिंग कमेटी मीटिंग की मेजबानी करने जा रहा है. यह वार्षिक तकनीकी मंच भारत के प्रमुख इस्पात उत्पादकों के विशेषज्ञ प्रतिनिधियों को एक साथ लाता है ताकि सहयोग को बढ़ावा दिया जा सके, नवाचार को प्रोत्साहित किया जाए, सर्वश्रेष्ठ प्रथाओं का आदान-प्रदान हो और लोहा निर्माण के अधिक टिकाऊ तथा कुशल भविष्य के मार्ग तलाशे जा सकें.
संदीप कर होंगे मुख्य अतिथि
इस आयोजन की मेजबानी टाटा स्टील की ओर से सुरजीत सिन्हा, चेयरमैन, 65वीं ओसीएम करेंगे. उद्घाटन समारोह में मुख्य अतिथि संदीप कर, कार्यकारी निदेशक, आरडीसीआईएस, सेल तथा विशिष्ट अतिथि चैतन्य भानु, उपाध्यक्ष ऑपरेशंस, टाटा स्टील जमशेदपुर उपस्थित रहेंगे.दो दिवसीय सम्मेलन में सेल, टाटा स्टील, जेएसडब्ल्यू, जिंदल स्टील तथा जायसवाल नेको जैसी प्रमुख इस्पात कंपनियों के विशेषज्ञ तकनीकी विचार-विमर्श में भाग लेंगे.
नॉलेज का साझा
ये चर्चाएं पूरे उद्योग साझा करने को मजबूत करेंगी तथा भारत के इस्पात क्षेत्र की परिचालन उत्कृष्टता, संसाधन अनुकूलन तथा दीर्घकालिक टिकाऊ विकास के प्रति सामूहिक प्रतिबद्धता को और सुदृढ़ करेंगी. एसएनटीआई में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस का आयोजन किया गया था, जिसमें टाटा स्टील के प्रमुख अधिकारियों ने मीडिया को 65वीं ओसीएम के उद्देश्यों और महत्व के बारे में जानकारी दी. प्रेस कॉन्फ्रेंस की अध्यक्षता जीएसआर मूर्ति, चीफ, ब्लास्ट फर्नेस, प्रदीप चौधरी, चीफ, सिंटर प्लांट, विपुल एम. कोराने, हेड, एग्लोमरेशन टेक्नोलॉजी, कम्मा रामकृष्ण राव, हेड, ऑपरेशंस, ब्लास्ट फर्नेस तथा अरुण कुमार सी., प्रिंसिपल टेक्नोलॉजिस्ट ने की. उन्होंने अपने संबोधन में कंपनी के नवाचार, सुरक्षा, परिचालन दक्षता तथा ब्लास्ट फर्नेस और सिंटर प्लांट ऑपरेशंस में तकनीकी-संचालित सुधारों पर निरंतर जोर देने की बात रेखांकित किया.
चर्चा के दो मुख्य विषय होंगे:
1. सिंटर में ठोस ईंधन (सॉलिड फ्यूल) की खपत में कमी
2. ब्लास्ट फर्नेस कूलिंग सिस्टम की फेल्योर एनालिसिस तथा जीवन वृद्धि

